आमिर खान ने देखा ढिंचैक पूजा का ‘सेल्फी मैंने..’ सॉन्ग, दिया ऐसा रिएक्शन
हाल ही में आमिर खान की फिल्म ‘सीक्रेट सुपरस्टार’ रिलीज हुई है। फिल्म में जायरा वसीम के किरदार को यूट्यूब से फेम मिलता है और आमिर खान उस टेलेंट को प्लेटफॉर्म देते हैं। दरअसल रियल लाइफ में भी आमिर खान इस बात को मानते हैं कि कोई भी अपने टैलेंट के दम पर अपना नाम बना सकता है। सोशल मीडिया ने कई टैलेंट्स को फेम दिया है जिसमें एक नाम ढिंचैक पूजा का भी शामिल है। सोशल मीडिया से मिले फेम के दम पर ही पूजा फिलहाल बिग बॉस 11 का हिस्सा हैं।
आमिर कहते हैं, ‘मुझे पता लगा कि पूजा जैन (ढिंचैक पूजा) नाम की एक लड़की सोशल मीडिया पर ट्रैंड हो रही है। खास बात ये है कि मुझसे कहा गया कि पूजा अच्छी सिंगर नहीं है फिर भी हिट हो रही है। तो मैंने सोचा कि ऐसा कैसे हो सकता है। एक दो गाने जैसे ‘दिलों का शूटर है मेरा स्कूटर’ और ‘सेल्फी लेली’ देखने के बाद मुझे समझ आया कि वो यूनीक है। लोग उसे इसलिए देखते हैं क्योंकि उन्हें मजा आता है। यहां तक कि लोग उसे अनलाइक करने के लिए भी उसके वीडियो देख रहे हैं। वो सोशल मीडिया पर हिट है तो इसमें गलत क्या है। ये तो अच्छी बात है ना कि वो खराब गाकर भी हिट है। ’
मैंने अपने किसी भी बच्चो को मोबाइल नहीं दिया है। क्योंकि मेरे ऐसा मानना है कि अगर बच्चे मोबाइल इस्तेमाल करेंगे तो कभी आगे नहीं बढ़ पाएंगे और सिर्फ मोबाइल में ही लगे रहेंगे। मैं बच्चों को मोबाइल देने के खिलाफ हूं। मोबाइल न देने की वजह से मेरा छोटे बेटा आजाद आउटडोर गेम्स में ज्यादा दिलचस्पी दिखाता है। उसे फुटबॉल और स्केटिंग करना पसंद है। जुनैद को मैंने उसका पहला मोबाइल कॉलेज में दिलाया था। यहां तक कि मैं खुद मोबाइल बहुत कम इस्तेमाल करता हूं। मोबाइल के साथ साथ बच्चों को सिर्फ आधे घंटे टीवी देखने की परमिशन है। यही कारण हैं कि मेरे तीनो बच्चे क्रिएटव हैं। मेरी बेटी ऐड मेकर राम वाधवानी को असिस्ट कर रही है और पढ़ाई भी कर रही है।
हमारे समाज में दो तरह के लोग हैं जिसमें पॉजीटिव लोग हैं तो नेगेटिव भी हैं। कुछ हार को हराते हैं तो कुछ जल्दी हार मान जाते हैं। ऐसे ही हारे हुए लोगों ने ब्लू व्हेल गेम को बनाया है। ऐसा गेम जो निराशावादी लोगों का फायदा उठा कर सुसाइड करने के लिए मजबूर करते हैं। ये गेम हमारे समाज के लिए खतरनाक है। ऐसे गेम्स से दूर ही रहना चाहिए।
फिल्मों के प्रमोशन के लिए टीवी शोज पर जाना मुझे पसंद नहीं। मुझे लगता है कि इससे कोई फायदा नहीं है। मैं ऐसे शोज में जाकर क्या करुंगा जहां मेरी फिल्म से ज्यादा बाकी चीजों की बातें होंगी। फिल्म प्रमोशन के लिए जरूरी है दमदार प्रोमो और शानदार स्क्रिप्ट। अभी हाल ही मैं सीक्रेट सुपरस्टार के लिए बड़ौदा गया था। अचानक एक गरभा का इंविटेशन आया तो मैं चला गया। वहां करीब 5 हजार लोग थे। उनके साथ मैंने खूब एन्जॉय किया और फिल्म प्रमोट की। यानि इसे कहते हैं परफेक्ट प्रमोशन।
मैं कभी पॉलिटिक्स में नहीं जाउंगा । मुझे वो बिलकुल पसंद नहीं है। मेरा जन्म एक्टिंग के लिए हुआ है और मरते दम तक वही करता रहूंगा। मुझे अपने देश और समाज के लिए जो भी करना है उसके लिए मुझे नेता बनने की जरुरत नहीं है। मुझे फिल्मों से प्यार था है और रहेगा।

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