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पति के मौसेरे भाई पर आया पत्नी का दिल, वाइफ ने सुनाई मर्डर की कहानी


अवैध संबंध के चक्कर में पत्नी ने अपने देवर (पति का मौसेरा भाई) के साथ मिलकर पति को मौत की नींद सुला दिया। पुलिस ने बुधवार को आरोपी पत्नी समेत तीन को अरेस्ट कर लिया।

आरोपी पत्नी ने पुलिस को बताया कि पति के मौसेरे भाई के साथ उसका प्रेम-प्रसंग था, जिसमें पति आड़े आ रहा था। पति ने एक बार दोनों को आपत्तिजनक स्थिति में भी देख लिया था। इससे पति का उसके साथ विवाद हुआ। फिर हत्या की साजिश रची गई।

-पत्नी अंजू ने देवर खूबलाल के साथ मिलकर मनोज की सोमवार को चाकू से गोदकर हत्या करवा दिया। शव पर चाकू के 40 जख्म पाए गए थे।

-घटना मुफ्फसिल थाना क्षेत्र के पांडेयडीह स्थित मैगजिनीयां गांव की है। दरअसल, सोमवार को मनोज का शव घर से कुछ दूर स्थित झाड़ी से बरामद किया गया था।

-सूचना मिलते ही एसडीपीओ मनीष टोप्पो और मुफ्फसिल थाना निरीक्षक रामनारायण चौधरी भी घटनास्थल पर पहुंचे। मृतक का शव कब्जे में लेकर शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया।

-इसके बाद शुरू हुई पुलिस की जांच-पड़ताल। पुलिस को मनोज की मां ने बहू के अवैध की बात बताई। इसके बाद पुलिस ने अंजू से कड़ाई से पूछताछ की तो वो टूट गई और पूरी घटना के बारे में बता डाला।
डेढ़ साल से थे देवर के साथ संबंध

-अंजू ने बताया कि मनोज के मौसेरे भाई खूबलाल और उसके बीच प्रेम संबंध में मनोज दरार बना हुआ था। अंजू देवी और खूबलाल दास के बीच डेढ़ साल से अवैध संबंध था।

-इसी साल के जनवरी में मनोज ने अंजू को घर के कमरे में अपने खूबलाल के साथ आपत्तिजनक स्थिति में देख लिया था। उसके बाद से दोनों में तनाव बना हुआ था।

-लेकिन अंजू का प्रेम खूबलाल के प्रति हमेशा बना रहा। इसकी जानकारी मनोज के मां-बाप को भी थी। अंजू ने उस वक्त अपनी गलती स्वीकार कर माफी मांगी।

-बावजूद अवैध संबंध खूबलाल से चलता रहा। बाद में उसने खूबलाल शीतलपुर मोड़ में ही नया घर बनाकर रहने लगा था। जबकि हत्या का तीसरा आरोपी उमेश दास पपरवाटांड के महुआटांड का रहने वाला है।

-इसी दौरान तीनों ने मनोज की हत्या की साजिश रची। आरोपी खूबलाल उसके चचेरे भाई और उमेश दास ने बताया कि गत सोमवार की शाम को ही वे लोग मनोज को अरगाघाट नदी पर ले गए थे।

-जहां काफी दबाव के बाद दोनों ने मनोज को शराब पिलाई। शराब पिलाने के बाद मैगजीनिया गांव ले गए। फिर धारदार हथियार से हत्या करने के बाद मनोज के शव को झाड़ी में फेंक दिया।