Header Ads

2 मिनट में मौत के मंजर में बदल गई मस्ती, ड्राइवर ने खींची दोस्तों की लास्ट फोटो


यूपी के प्रतापगढ़ जिले में मंगलवार को बड़ा हादसा हो गया। मोबाइल सेल्फी लेने के दौरान 3 स्टूडेंट्स बकुलाही नदी में डूब गए। हालांकि साथ रहे 2 अन्य छात्र जिंदा बचा लिए गए हैं। हादसा उस समय हुआ, जब पिकनिक मनाने निकली पांच स्टूडेंट्स की टोली फेमस धार्मिक स्थल शनिदेव धाम विश्वनाथगंज प्रतापगढ़ पहुंची।

रक्षाबंधन पर घर से मिले थे सभी को खर्च के लिए रुपए

- पांचों छात्र प्रतापगढ़ के ही रहने वाले हैं। परिजनों के मुताबिक, सभी अलग-अलग स्कूलों में इंटर में पढ़ते थे। सभी के बीच गहरी दोस्ती थी।

- रक्षा बंधन पर घर से सभी को खर्च के लिए पैसे मिले थे। पैसे का उपयोग करने के लिए सभी ने पिकनिक का प्लान बनाया।

- यहां सेल्फी लेने के चक्कर में पांचों स्टूडेंट्स बकुलाही नदी में उतरे। इस दौरान ही वो गहरे पानी में चले गए। नदी का तेज बहाव उनके लिए खतरनाक साबित हुआ और मोबाइल में खींची फोटो जिंदगी की आखिरी सेल्फी बन गई।

- हादसे की सूचना फैलते ही भारी भीड़ वहां पहुंच गई। पुलिस के आने के बाद इलाहाबाद से गोताखोर बुलाए गए। कई घंटे की जद्दोजहद के बाद तीनों छात्रों का शव बरामद किया जा सका।
ट्रैवेल एजेंसी से बुक की थी फोर व्हीलर

- पांचों में से विजय की पहचान एक ट्रेवल एजेंसी में थी। तो उसने इलाहाबाद जाने के लि‍ए एक फोर व्हीलर कार बुक कर ली। मंगलवार के लिए प्लान बना।

- सुबह सभी संगम नगरी देखने के लिए रवाना हुए। जब विश्वनाथगंज नजदीक आया तो सभी ने शनिदेव महराज के दर्शन की इच्छा जाहिर की। गाड़ी शनिदेव धाम मुड़ गई और बकुलाही नदी में उनकी मौत ने उन्हें खुद ही अपने पास बुला लिया।

2 मिनट में ही बदल गया मंजर, ऐसे बची दो छात्रों की जान

- घटना स्थल पर मौजूद लोगों ने बताया कि सभी लड़के बकुलाही नदी में जमकर मस्ती कर रहे थे।

- इस दौरान सभी मोबाइल पर सेल्फी लेने में कुछ ज्यादा ही मशगूल हो गए। बढ़ि‍या बैकग्राउंड-ऐंगल के लिए वो धीरे-धीरे गहरे पानी में उतरते गए।

- कुछ देर बाद ग्रुप फोटो के लिए मोबाइल कार के ड्राइवर को दे दी गई। ड्राइवर सभी की नहाते हुए वीडियो और फोटो बनाने लगा। थोड़ी देर बाद फोटो देखने के लिए विजय-धनंजय पानी से बाहर आए। इसके बाद 2 मिनट में ही पूरा मंजर ही बदल गया।

- इस दौरान शिवांग का पैरफिसला तो वो गहरे पानी में डूबने लगा।

- फिर एक दूसरे को बचाने में तीनों छात्र डूब गए। चीख-पुकार सुनकर राहगीर दौड़े। लेकिन किसी की हिम्मत पानी में उतरने की नहीं हुई।

पुलिस ने बुलाए इलाहाबाद से गोताखोर

- घटना की सूचना पर परिजन रोते-बिलखते शनिदेव धाम पहुंचे। तब तक मानधाता थाना पुलिस, शनिदेव चौकी, देल्हूपुर चौकी की पुलिस मौके पर पहुंच गई।

- एसपी सगुन गौतम भी मौके पर आए तो गोताखोरों को इलाहाबाद से बुलाया गया। गोताखोर टीम पहुंचने के बाद खोजबीन शुरू हुई। चार घंटे बाद तीनों छात्रों का शव बरामद किया जा सका।

- मांधाता कोतवाली प्रभारी एम पी सिंह ने बताया कि, परिजन शव का पोस्टमॉर्टम नहीं करवाना चाहते हैं। इसलिए परिजनों से लिखित में लेने के बाद शव को उन्हें सौंप दिया गया है।